गुरुवार, 11 मार्च 2010

क्या इग्नू(IGNOU) छात्रों के साथ मजाक नही है?

मैं “इडियट” बिरादरी से ताल्लुक रखता हूं(थ्री इडियट्स देखी है ना!).

बचपन से स्वाध्याय की शिक्षा मिली. बारहवीं आते आते शिक्षा तंत्र से मोहभंग हो गया. अत: निर्णय लिया कि जब भी पढ़ेंगे तो डिग्री के लिए नही ज्ञान के लिए पढ़ेंगे. घर वालों के खूब विरोध का सामना करना पड़ा. फ़िर सोचा कि चलो BCA का फ़ार्म डाल के देखते हैं. मैं पहले से ही जानता था कि इनके सिलेबस पुराने धुड़ाने किस्म के होते हैं. पर सोचा कि थोड़ा बहुत “एडजस्ट” कर लेंगे.

जब किताबें आईं तो देख के दंग रह गया. जानता था कि पाठ्यक्रम पुराना होगा. पर इतना पुराना ये नही जानता था? ये तो सीधे सीधे देश के छात्रों के साथ मजाक है.

किताबें १९९८ के बाद से अभी तक “रिप्रिंट” हो रही हैं. इन्हे बनाने वाला भारी भरकम दल पिछले 10-12 सालों से भगवान जाने क्या कर रहा है.

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देखिए बीसीए के विद्यार्थी क्या पढ़ेंगे विन्डोज 95

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माइक्रोसाफ़्ट आफ़िस वर्ड 95

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अब ऐसा लगने लगा है कि ये सब पढ़ूंगा तो मैं जो कुछ भी जानता हूं वो भूल जाउंगा.

यद्यपि अब BCA के लिए अब घरवालों की ओर से दबाव खत्म हो गया है (थ्री इडियट फ़िल्म के लिए आमिर खान जी को ढेर सारा धन्यवाद)

परंतु सवाल अब भी वही है कि क्या इग्नू(IGNOU) देश के छात्रों के साथ मजाक नही है?

11 टिप्‍पणियां:

  1. लगता है इग्नू सिर्फ डिग्रियां बांटने की संस्था भर रह गयी है |

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  2. aapne ek sahi mudda uthaya hay..
    wastaw me ye bhawisaya ke sath kelwad hin to hay
    kisi na kisi idiot ko aawaj uthana zaruri tha ..
    mijhe bhi ek dusra idiot samjhe,tisra bhi mil hin jaayega...phir three idiots is aawaz ko aage badhayenge..
    mai aapse sahmat hun.

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  3. आश्चर्य ! विचारणीय पोस्ट धन्यवाद इस जानकारी के लिये।

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  4. हम तो इस बारे में जानते ही नहीं थे | हमारा तो ऐसा मानना है कि यह सरकारी तन्त्र की तरह ही चलता है | जागरूक करने वाली जानकारी है |

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  5. जिसने भुगता है ignou वही जान सकता है ..

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  6. वाह , इस तरह की जानकारी ही जागरूकता फैला सकती है

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  7. Ankur ji aapne achhi jaankari di.....lekin aapko yah bhi batana chahiye tha ki ye india ki pehli aisi univ. nahin hai ....iski ustaad kayi universities hain.....kuch aur ki list bhi de dete......

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  8. AKUR JI EK QUESTION HAI .... AAP IS QUESTION KA ANSWER BHI JAANTE HAIN....TO KYON NA AAP US PAR EK POST LIKHHEN.......

    QUESTION HAI-

    Jab hum blogger blog kisi lebel par click karen to us lebel se sambandhit titles hi show hone chahiye puri blog post nahin ?

    generally aisa hota hai ki agar kisi ek lebel ke under 15 post hain to us par click karne par 15 ki 15 post puri ki puri show hoti hain...ye ashubhidhajanak hai....

    maine aapse aisa isliye puchha kyaon ki aap ke blog me kisi label par click karne par us label se sambandhit titles hi show hote hain....

    plz help ??????

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  9. @Sunil Kumar

    एकदम सही बात. मैंने कई सारी यूनिवर्सिटियों के पाठ्यक्रमों को देखा है. सब पुराने धुड़ाने किस्म के थे. इग्नू की उस्ताद यूनिवर्सिटी तो अपने इधर ही है. उसके बारे में ज्यादा अभी नही बोलूंगा क्योंकि अभी उसके पाठ्यक्रम की स्कैन कापी नही है.

    आपके सवाल पर एक प्रविष्टि ठेल दी है: http://ankurthoughts.blogspot.com/2010/03/blog-post_13.html

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  10. thank u ankur main to ignu se mca karne ja raha tha par aap ke blog ne bacha liya

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