मंगलवार, 23 दिसंबर 2008

फ़ेसबुक ओर्कुट भी हिंदी में – दुनिया हिंदीमय हो गई

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आज एकाएक पता लगा कि फ़ेसबुक हिंदी में हो गई. मैं तो दंग रह गया. गूगल अपने आप को हिंदीमय कर ही रहा है. माइक्रोसाफ़्ट विंडोज लाइव के एप्लीकेशन और साइट हिंदी में हो गई है, लिनक्स भी हिंदी, और अब फ़ेसबुक और ओर्कुट भी.

एक समय था कि इन्ही कंपनियों की वजह से अंग्रेजी को बढ़त मिली. अंग्रेजी जानने वाले हिंदी भाषियों का मजाक बना लेते थे. कम्प्यूटर यानि अंग्रेजी. आज भी कई जगह ऐसा मिल जायेगा. मैं हिंदी मीडियम में जब था तो कुछ इंग्लिश मीडियम के बच्चों ने भी मेरा मजाक बनाया था. लेकिन लगता है कि अब यही कंपनिया हिंदी को फ़िर से भरपूर सम्मान दिलाने में कामयाब हो जायेंगी.

फ़ेसबुक तो आपसे ट्रांसलेशन में मदत भी मांग रहा है.

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ओर्कुट हिंदी में

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विंडोज लाइव हिंदी में

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9 टिप्‍पणियां:

  1. यह तो शुरुआत भर है अंकुर भाई, हम-आप मिलकर नेट पर हिन्दी का Content इतना भर दें कि आने वाले दस साल में सर्च की मुख्य भाषा हिन्दी बन जाये तब हिन्दी, भाषा, साहित्य आदि भी नेट पर समृद्ध होंगे… जय हिन्दी…

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  2. Ankur Bhai, MAin UBUNTU download karna chahta hun, par kar nahin pa raha hun, aap ne jo tareeka bataya hai usi tarah se kar raha hun, par, nahin ho raha hai, aapne likha hai ki WUBI isntall hone ke bad system restart hoga aur uske bad 30minuts men apne aap install ho jayaga, par WUBI ke bad Installation ke liye location aur password etc. banane ke bad ye apne aap net se download hone lagta hai, jab ki ubuntu ki CD maine computer ke CD ROM me dal rakhi hai,
    Kripaya mera margdarshan karen.

    MISSY_MISSI@yahoo.com

    AAp ki mail ka wait rahega.

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  3. आज ही मैने भी देखा फैसबूक को. लिखने वाला था :)

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  4. बहुत धांसू समाचार है अंकुर ! बधाई हो !!

    यह सब हिन्दीब्लागियों की एकजुटता का कमाल है। दूसरे भी उसी की मदद करते हैं जो अपनी मदद कर रहे होते हैं।

    अब हिन्दी में हजारो तरह के छोटे-बड़े हिन्दी-सेवा के प्रकल्प आरम्भ करने का समय आ गया है। कर्मवीरों आगे बढो !!

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  5. बहुत अच्छी जानकारी ! हमें नेट पर हिन्दी का इतना मसाला भर देना चाहिय कि सभी जगह हिन्दीमय हो जाय !

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  6. नमस्‍कार।
    आपको जानकर प्रसन्‍नता होगी कि विज्ञान और प्रौद्यौगिकी के प्रचार प्रसार एवं इससे जुडे ब्‍लॉगर्स के अधिकारों के संरक्षण के लिए 'साइंस ब्‍लॉगर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया' का गठन किया गया है।
    यह संस्था विज्ञान और प्रौद्योगिकी के प्रचार-प्रसार को बढावा देने वाले लोगों के हितों के संरक्षण का कार्य करेगी। इसके अतिरिक्त विज्ञान संचार के लिए आम जन को प्रेरित करने, इंटरनेट पर हिन्दी ब्लॉग लेखन को बढावा देने, ब्लॉग निर्माण सम्बंधी तकनीकी जानकारियां आम जन तक पहुंचाने, ब्लॉगर्स की तकनीकी / व्यवहारिक समस्याओं को सुलझाने का भी कार्य करेगी।
    आपके इस दिशा में किये गये महती कार्यों को दृष्टिगत रखते हुए संस्‍था आपको 'साइंस ब्‍लॉगर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया' की मानद सदस्‍यता प्रदान करती है। यदि आप इससे जुडने हेतु सहमति प्रदान करें, तो हमें अति प्रसन्‍नता होगी।
    आपका मेल आईडी न मिल पाने के कारण यहॉं मैटर पोस्‍ट करना पड रहा है।

    सादर,
    जाकिर अली 'रजनीश'
    सचिव
    साइंस ब्‍लॉगर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया

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  7. अंतत: तो यह होना ही था संगणक युग में हिन्दी से उत्तम कुछ नहीं, कहने को चाहे जो गाते रहो...

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